सना आफताब ऑर्गनिक सोप बनाकर लीक से हटकर कुछ कर दिखाने वाली लड़कियों के लिए एक मिसाल है.
जम्मू कश्मीर के श्रीनगर जिले की रहने वाली युवा सना आफताब जड़ी-बूटियों और केसर से पर्यावरण अनुकूलित साबुन बना रही है. सना मूल रूप से श्रीनगर के रैनावारी की रहने वाली है जो बाद में बघाट बरज़ुल्ला में रहने लगी जहाँ उन्होंने माउंटेन सोप कंपनी नाम से एक ऑर्गनिक साबुन बनाने वाली कंपनी की शुरुआत की और बड़ी कुशलता व सकारात्मकता के साथ आगे बढ़ाया.
सना ने जड़ी-बूटियों, मसालों, मेवों, वदुर मिट्टी, अखरोट के तेल, सरसों के तेल और लैवेंडर जैसी ऑर्गनिक चीजों का उपयोग करके साबुन बनाया है, जिसको व्यापक रूप से पसंद किया जा रहा है. साथ ही कई कंपनियां इस प्रोडक्ट के प्रमोशन के लिए उनसे जुड़ कर सहायता कर रही है.
सना आफताब ने एक हॉबी के रूप में साबुन बनाना शुरू किया. कोविड के समय जब लॉकडाउन लगा तो सना ने यूट्यूब पर साबुन बनाने का प्रोसेस देखा जो उन्हें बहुत क्रिएटिव लगा.
साधारण साबुन के इस्तेमाल से सामान्यतः हमारी स्किन ड्राई हो जाती है, मगर सना को जब यह पता चला कि ऑर्गेनिक साबुन के प्रयोग से स्किन को सॉफ्ट बनाए रखा जा सकता है.
पहले पहल सना ने मूल रूप से अपने पर्सनल यूज के लिए ऑर्गनिक साबुन बनाना शुरू किया. फिर बाद में रिलेटिव्स और क्लोज्ड फ्रेंड्स को भी यूज करने के लिए दिया। जब उन्होंने इसे प्रयोग किया, तो उन्होंने इसकी और डिमांड करना शुरू कर दिया.
फिर इन सभी लोगो लोगो ने उन्हें लार्ज स्केल पर इन साबुनों के प्रोडक्शन के लिए मोटीवेट किया. जिसे सना आफ़ताब ने मानते हुए माउंटेन सोप कंपनी के नाम से सोप मैन्युफैक्चरिंग कम्पनी की शुरुआत की. फिर क्या था देखते ही देखते उनकी यह सोप कम्पनी बढ़ती गयी और बाद में लोग इस साबुन को ऑनलाइन ऑर्डर करके भी मंगाने लगे.
एनआईटी श्रीनगर से इंजीनियरिंग और फिर मैनचेस्टर यूनिवर्सिटी से एमबीए करने वाली सना आफ़ताब कई कंट्रीज में जॉब कर चुकी है. सना ने अलग अलग देशों में जॉब करते समय पाया, कि कश्मीर हर बाकी जगहों से बहुत सुन्दर और अच्छी जगह है, लेकिन वहां संसाधनों की कमी है जिन्हे बढ़ाने की जरूरत है. यहाँ की जमीन उपजाऊ है और संसाधनों को बढाकर जैविक साबुन कंपनी शुरू करना कोई बड़ा काम नहीं है. क्योंकि इसके लिए आवश्यक सभी प्रोडक्ट इजिली अवेलेबल है और मोस्टली खेती के द्वारा आसानी से उगाए जा सकते हैं.
सना से युवाओं को ऐसे अवसरों का लाभ उठाने की प्रेरणा लेनी चाहिए क्योंकि यह समय इनफार्मेशन, क्रिएशना और शेयरिंग का युग है. इसके लिए आपको सरकारी सहायता और योजनाओं का लाभ उठाना चाहिए. यह इनफार्मेशन टेक्नोलॉजी का युग है और सरकार खुलकर उद्यमिता को बढ़ावा दे रही है ऐसे में युवाओं को आगे आना चाहिए.