nisha dahiya ka jeevan parichay

निशा दहिया का जीवन परिचय

निशा दहिया भारत की जानी मानी पहलवान हैं, जो महिलाओं के 68 किलोग्राम भार वर्ग में फ्रीस्टाइल कुश्ती में भारत का प्रतिनिधित्व करती हैं.

उन्होंने अपने खेल पहलवानी में निशा दहिया ने खूब नाम कमाया है, पेरिस ओलंपिक 2024 के लिए क्वालीफाई करके, वह इस इवेंट में जाने वाली पांचवीं भारतीय पहलवान बन गई.

निशा दहिया का जन्म 20 जुलाई 1997 को हरियाणा में हुआ था. उन्होंने अपने पिता के खेल के प्रति जुनून से प्रेरित होकर 12 साल की छोटी सी उम्र में ही कुश्ती खेलने की शुरुआत कर दी थी. अपने प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में, निशा दहिया ने अपने कौशल को निखारा और जल्दी ही रैंक में ऊपर उठकर भारत की सबसे होनहार युवा पहलवानों में से एक बन गईं. 

बचपन से ही कुश्ती में निशा दहिया की रुचि और शुरुआत ने उनके एथलेटिक कैरियर को मजबूत नीव दी.

निशा दहिया का निजी जीवन हालांकि कई चुनौतियों और जीत दोनों से भरा रहा है. उन्हें अपने करियर में निशा दहिया ने बड़ा सेटबैक भी देखा जब डोपिंग टेस्ट में फेल होने के कारण उन पर चार साल का प्रतिबंध लगा दिया गया. हालांकि, उनकी दृढ़ता ने एक दमदार वापसी करने में मदद की और 2019 में अंडर-23 राष्ट्रीय चैम्पियनशिप जीतकर निशा दहिया फिर से उठ खड़ी हुई. 

पहलवानी करियर के अपने संघर्ष के दिनों में निशा दहिया को साथी पहलवान साक्षी मलिक से समर्थन मिला, जिसने कुश्ती संघ के सदस्यों की टीम स्परिट को प्रदर्शित किया. निशा का अपने खेल के प्रति समर्पण उनके कठोर प्रशिक्षण और सधी हुई दिनचर्या से स्पष्ट दिखाई देता था, जिसे वह अपने निजी जीवन के साथ बैलेंस करती थी. 

अपने एथलेटिक प्रयासों के अलावा, निशा दहिया ने गलत पहचान के एक विचित्र मामले को भी सुलझाया है जिसने उन्हें सुर्खियों में ला दिया. दरसअल कुछ रिपोर्ट्स में उनके निधन का झूठा दावा किया गया, जिससे कुश्ती समुदाय में भ्रम की स्थिति पैदा हो गई. निशा ने अपनी दृढ़ता और दृढ़ संकल्प का परिचय देते हुए इन अफवाहों का तुरंत खंडन किया. इस समय में उन्होंने परिवार, दोस्तों और प्रशंसकों से मिले समर्थन के लिए आभार व्यक्त किया, और इस बात पर जोर दिया कि उन्हें इस बात का अहसास होने से राहत मिली कि वह जीवित हैं. 

इस घटना ने कुश्ती के मैदान के अंदर और बाहर दोनों जगह निशा दहिया को एक मजबूत और दृढ़ व्यक्ति के रूप में स्थापित किया. निशा दहिया का कुश्ती करियर काफी सराहनीय रहा है, उन्होंने 2021 U23 विश्व कुश्ती चैंपियनशिप में भाग लिया, जहाँ निशा दहिया ने महिलाओं की फ़्रीस्टाइल 65 किलोग्राम स्पर्धा में कांस्य पदक जीता. 2022 में, उन्होंने महिला फ़्रीस्टाइल 68 किलोग्राम वर्ग में विश्व कुश्ती चैंपियनशिप में भाग लिया, लेकिन कांस्य पदक मैच में हार गईं. निशा दहिया ने 2023 में एशियाई कुश्ती चैंपियनशिप में रजत पदक जीतकर सफलता हासिल की.

पेरिस ओलंपिक 2024 के लिए अपनी योग्यता मई 2024 में निशा दहिया ने इस्तांबुल में विश्व ओलंपिक क्वालीफायर में 68 किलोग्राम वर्ग के सेमीफाइनल में रोमानिया की एलेक्जेंड्रा एंगेल को हराकर साबित की और अपना स्थान पेरिस ओलम्पिक 2024 के लिए क्वालीफाई करके सुरक्षित किया.

Read more at headlineshunt :