लॉरेंस बिश्नोई द रॉबिनहुड ऑफ इण्डिया, के रूप में फेमस हुए जब उनके गैंग ने महाराष्ट्र के बड़े नेता और पूर्व मंत्री बाबा सिद्दकी की हत्या कर दी. लॉरेंस एक आस्थावान आस्तिक व्यक्ति है और बिश्नोई समाज के गुरु जम्भेश्वर और भगवान हनुमान के भक्त है.
इसके बाद सोशल मीडिया पर लोग उनको सपोर्ट करते भी दिखे, क्योंकि लॉरेंस बिश्नोई ने अपनी हिट लिस्ट में बॉलीवुड स्टार सलमान खान का भी नाम बताया है, और वह काले हिरण के शिकार मामले में सलमान खान को मारना चाहता है. सलमान ने काले हिरण को मारा था और चूंकि बिश्नोई समुदाय काले हिरण को पवित्र मानता हैं. दरसअल सलमान खान पर काले हिरण के शिकार का आरोप है जिस वजह से सलमान खान लॉरेंस बिश्नोई के लिए पापी हैं.
इसी मामले में लॉरेंस बिश्नोई ने बॉलीवुड अभिनेता सलमान खान को धमकी दी थी और कहा था कि वह 2018 में जोधपुर में काले हिरण शिकार मामले की सुनवाई के दौरान सलमान खान को मार देगा. इस घटना ने लॉरेंस बिश्नोई को सुर्खियों में ला दिया था. लॉरेंस बिश्नोई का नाम नेशनल लेवल पर भी इसी मामले में सन 2018 में उसके करीबी सहयोगी संपत नेहरा के पकड़े जाने के बाद उछला, जो लॉरेंस बिश्नोई द्वारा दी गयी सलमान खान की हत्या की जिम्मेदारी को पूरा करने के प्रयास में पकड़ा गया था.
इसके अलावा लॉरेंस बिश्नोई के द्वारा खालिस्तानी समर्थकों को दी गयी खुली चुनौती ने भी उन्हें लोगो की नजर में हीरो बना दिया.
लॉरेंस बिश्नोई अंडरवर्ल्ड की दुनिया का एक ऐसा नाम है जो साल, दो-साल नहीं बल्कि दशकों से जेल में बंद है, फिर भी अपराध की दुनिया में टॉप पर है. मूल रूप से भारत के पंजाब प्रान्त का रहने वाला बिश्नोई एक गैंगस्टर है, जो संगठित अपराध में अपनी भूमिका के लिए प्रसिद्ध है. लॉरेंस बिश्नोई अपने नाम पर बनी बिश्नोई गैंग को लीड करता है. लॉरेंस के गिरोह बिश्नोई गैंग में गोल्डी बरार, काला जठेड़ी, संपत नेहरा और अनमोल बिश्नोई जैसे बड़े क्रिमिनल्स भी शामिल हैं.
बिश्नोई गैंग कई बड़ी गतिविधियों में शामिल होने की वजह से विख्यात है. इनके कई कारनामों ने मीडिया में काफी सुर्खियां बटोरी हैं. जाने माने पंजाबी सिंगर सिद्धू मुसेवाला की हत्या में बिश्नोई गैंग का हाथ था. इस गैंग का नाम 2024 में बॉलीवुड स्टार सलमान खान के घर पर हुई फायरिंग में भी आया था.
लॉरेंस बिश्नोई और उसके बिश्नोई गैंग का नाम भारत से लेकर विदेशों तक में कई हाई प्रोफाइल मामलो से जुड़ा है. लॉरेंस बिश्नोई को अंडरवर्ल्ड की दुनिया में बड़ा नाम माना जाता है और उसके ऊपर कई आपराधिक मामले भी दर्ज हैं.
लॉरेंस बिश्नोई का जन्म सन 1992 में भारत के पंजाब प्रान्त के फिरोजपुर जिले के अबोहर ब्लॉक के दोतारांवाली गांव में हुआ था. लॉरेंस बिश्नोई के पिता एक पुलिस कांस्टेबल थे. पुलिस वाले के घर में जन्में लॉरेंस ने कॉलेज के दिनों से ही जीवन का एक अलग रास्ता बना लिया था.
लॉरेंस बिश्नोई ने इंटरमीडिएट तक की पढाई अपने ब्लॉक क्षेत्र अबोहर में ही की और फिर सन 2010 में ग्रेजुएशन की पढाई करने लिए चंडीगढ़ चला गया. यहां पर चंडीगढ़ सेक्टर 10 के डीएवी कॉलेज में उसने एडमिशन लिया और साथ ही साथ उसने छात्र राजनीति में भी अपने कदम बढ़ा दिए. यही से लॉरेंस बिश्नोई की प्रसिद्धि की सीढ़ी शुरू हो गयी थी. इसके अगले ही साल 2011-12 के शिक्षा सत्र में वह पंजाब विश्वविद्यालय के छात्र संगठन SOPU का अध्यक्ष बन गया था.
छोटे-मोटे अपराधों में लॉरेंस बिश्नोई का नाम जुड़ा तो आगे चलकर उसने अपना खुद का एक गैंग बना लिया. लॉरेंस बिश्नोई का अपना एक अलग स्टाइल था, वह अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर हर अपराध की पोस्ट करता था. इस रणनीति ने उसे प्रसिद्धि दिलाई, जिससे उसकी गैंग में उसके जैसी सोच रखने वाले और भी युवा शामिल हुए.
लॉरेंस बिश्नोई के साथ सबसे दिलचस्प बात ये है कि कई सालों से जेल में बंद होने के बावजूद लॉरेंस बिश्नोई सलाखों के पीछे से ही आपराधिक गतिविधियों का नेतृत्व करता है. उसका नेटवर्क भारत के साथ-साथ विदेशों में भी फैला हुआ है.